कौशांबी पुलिस पेश की मानवता की मिसल, दिव्यांग छात्र के लिए सहारा बनी पुलिस, एसपी राजेश कुमार के नेतृत्व में मानवता का उज्ज्वल उदाहरण (आनन्द कुमार द्विवेदी ब्यूरो कौशाम्बी।)
*कौशांबी पुलिस पेश की मानवता की मिसल, दिव्यांग छात्र के लिए सहारा बनी पुलिस, एसपी राजेश कुमार के नेतृत्व में मानवता का उज्ज्वल उदाहरण*
(आनन्द कुमार द्विवेदी / ब्यूरो कौशाम्बी)
*कौशाम्बी।बोर्ड परीक्षा के दौरान जनपद पुलिस ने संवेदनशीलता और कर्तव्यनिष्ठा का ऐसा उदाहरण पेश किया, जिसने लोगों का दिल जीत लिया। पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार के नेतृत्व में ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों ने एक दिव्यांग परीक्षार्थी को समय से परीक्षा केंद्र तक पहुंचाकर मानवता की मिसाल कायम की।शहजादपुर स्थित रणजीत पंडित इंटर कॉलेज के मुख्य द्वार पर तैनात कांस्टेबल रामसिंह और कांस्टेबल रवी कुमार की नजर एक दिव्यांग छात्र पर पड़ी, जो शारीरिक असुविधा के कारण परीक्षा कक्ष तक नहीं पहुंच पा रहा था।परीक्षा का समय नजदीक था और छात्र की चिंता बढ़ती जा रही थी। स्थिति को समझते हुए दोनों पुलिसकर्मियों ने बिना देर किए छात्र को अपनी बाहों में उठाया और सुरक्षित रूप से परीक्षा कक्ष तक पहुंचाया, जिससे वह समय पर परीक्षा दे सका। इस मानवीय कार्य की केंद्र पर मौजूद शिक्षकों, अभिभावकों और स्थानीय नागरिकों ने भूरि-भूरि प्रशंसा की। सभी ने कहा कि पुलिस की यह पहल समाज के लिए प्रेरणादायक है। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार ने कहा कि पुलिस केवल अपराध नियंत्रण तक सीमित नहीं है। पुलिस हर दिशा में कार्य करती है चाहे कानून व्यवस्था हो, जनसेवा हो या किसी जरूरतमंद की सहायता। आमजन की सुरक्षा और सहयोग हमारी प्राथमिकता है।एसपी के इस संदेश ने स्पष्ट कर दिया कि जनपद पुलिस का उद्देश्य केवल अपराध पर नियंत्रण नहीं, बल्कि समाज में विश्वास और संवेदना को मजबूत करना भी है। यह घटना वर्दी के पीछे छिपे मानवीय चेहरे को उजागर करती है।*