March 16, 2026

असम में जैन समाज की धार्मिक और सामाजिक गतिविधियाँ बढ़ीं

असम में जैन समाज अपनी धार्मिक परंपराओं और सामाजिक सेवा के कार्यों के माध्यम से समाज में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। विशेष रूप से Guwahati में जैन समुदाय समय-समय पर धार्मिक कार्यक्रम, प्रवचन, दान-पुण्य और सामाजिक सेवा के कार्यों का आयोजन करता है।
जैन समाज के सबसे बड़े पर्व Mahavir Jayanti की तैयारियाँ भी असम में शुरू हो गई हैं। इस अवसर पर जैन मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना, धार्मिक प्रवचन और शोभायात्रा आयोजित की जाती है। समाज के लोग भगवान महावीर की शिक्षाओं—अहिंसा, सत्य, अपरिग्रह और करुणा—को अपनाने का संकल्प लेते हैं।
असम में जैन धर्म का ऐतिहासिक महत्व भी माना जाता है। Surya Pahar क्षेत्र में प्राचीन जैन मूर्तियाँ और धार्मिक अवशेष पाए गए हैं, जिससे यह संकेत मिलता है कि प्राचीन समय में भी इस क्षेत्र में जैन धर्म का प्रभाव रहा है।
आज के समय में असम का जैन समाज शिक्षा, व्यापार और समाज सेवा के क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभा रहा है। विभिन्न सामाजिक संगठनों द्वारा समय-समय पर रक्तदान शिविर, गरीबों की सहायता और धार्मिक प्रवचन जैसे कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।
समाज के वरिष्ठ सदस्यों का कहना है कि जैन धर्म की मूल शिक्षा अहिंसा और शांति आज के समय में पूरे समाज के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। इसी संदेश को आगे बढ़ाने के लिए जैन समाज असम में निरंतर धार्मिक और सामाजिक गतिविधियाँ आयोजित कर रहा!

Sanjay Kumar Sablawat

District Reporter

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Indian Press Union (IPU) A National Platform for Journalists and Media Professionals.

© 2026 All Rights Reserved IPU MEDIA ASSOCIATION