“बिहार MLC चुनाव 2026: कांग्रेस ने उतारे 5 उम्मीदवार, 3 सीटों पर RJD से सीधा मुकाबला; महागठबंधन के अंदर बढ़ी सियासी हलचल”
बिहार MLC चुनाव 2026: कांग्रेस ने घोषित किए पांच उम्मीदवार, तीन स्नातक सीटों पर RJD से मुकाबला
पटना, 2 अक्टूबर 2026: बिहार विधान परिषद के आगामी द्विवार्षिक चुनाव को लेकर राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस ने 23 अक्टूबर को होने वाले विधान परिषद चुनाव के लिए अपने पांच उम्मीदवारों की घोषणा की है। इनमें दो शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों और तीन स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के प्रत्याशी शामिल हैं।
खास बात यह है कि कोसी स्नातक, दरभंगा स्नातक और पटना स्नातक सीटों पर कांग्रेस और उसकी गठबंधन सहयोगी राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के उम्मीदवार आमने-सामने हैं। हालांकि, इस घटनाक्रम को महागठबंधन के भविष्य पर किसी निश्चित निष्कर्ष के रूप में देखना अभी जल्दबाजी होगी।
आठ सीटों पर होगा चुनाव
बिहार विधान परिषद की आठ सीटों के लिए 23 अक्टूबर को मतदान निर्धारित है। इनमें चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। स्नातक सीटों में पटना, दरभंगा, तिरहुत और कोसी शामिल हैं, जबकि शिक्षक सीटों में पटना, दरभंगा, तिरहुत और सारण निर्वाचन क्षेत्र हैं।
उपलब्ध चुनाव कार्यक्रम के अनुसार, अधिसूचना 29 सितंबर को जारी हुई। नामांकन की अंतिम तारीख 6 अक्टूबर, नामांकन पत्रों की जांच 7 अक्टूबर और नाम वापसी की अंतिम तारीख 9 अक्टूबर है। मतदान सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक होगा और मतगणना 27 अक्टूबर को निर्धारित है। चुनाव प्रक्रिया 31 अक्टूबर तक पूरी की जानी है।
कांग्रेस के पांच उम्मीदवार
कांग्रेस की घोषित सूची में मदन मोहन झा, मनोज कुमार जायसवाल, रजनीकांत पाठक, संजय यादव और असदुल्लाह खान शामिल हैं।
- दरभंगा शिक्षक: मदन मोहन झा
- पटना शिक्षक: संजय यादव
- कोसी स्नातक: मनोज कुमार जायसवाल
- दरभंगा स्नातक: रजनीकांत पाठक
- पटना स्नातक: असदुल्लाह खान
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, दरभंगा शिक्षक और पटना शिक्षक सीटों पर RJD ने कांग्रेस के घोषित उम्मीदवारों के खिलाफ प्रत्याशी घोषित नहीं किया है। वहीं तीन स्नातक सीटों पर दोनों दलों के उम्मीदवार मैदान में हैं। अंतिम स्थिति नाम वापसी की समय-सीमा पूरी होने के बाद स्पष्ट होगी।
कांग्रेस और RJD तीन सीटों पर आमने-सामने
कोसी, दरभंगा और पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में कांग्रेस और RJD की अलग-अलग दावेदारी चुनाव का प्रमुख पहलू है। इन सीटों पर दोनों दलों के उम्मीदवार अपने-अपने समर्थन आधार के लिए प्रचार करेंगे।
विधान परिषद के स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की चुनावी प्रकृति विधानसभा चुनाव से अलग होती है। यहां विशेष पात्रता वाले मतदाता मतदान करते हैं। ऐसे में उम्मीदवार की स्थानीय पहचान, संगठनात्मक संपर्क और मतदाता सूची में पंजीकरण जैसे पहलू महत्वपूर्ण रहते हैं।
इसलिए तीन सीटों पर अलग-अलग उम्मीदवार उतारे जाने को सीधे गठबंधन टूटने या समाप्त होने का संकेत मानना उचित नहीं होगा। इसका व्यापक राजनीतिक प्रभाव आगे के घटनाक्रम और दलों के आधिकारिक बयानों से ही स्पष्ट हो सकेगा।
अन्य दलों की भी मौजूदगी
बिहार MLC चुनाव में कांग्रेस और RJD के अलावा BJP, JDU और जन सुराज भी चुनावी मैदान में हैं। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, BJP ने पटना शिक्षक सीट से नवल किशोर यादव, कोसी स्नातक से डॉ. एन.के. यादव, दरभंगा स्नातक से सर्वेश कुमार और तिरहुत शिक्षक सीट से नरेंद्र प्रसाद सिंह को उम्मीदवार बनाया है।
JDU के घोषित उम्मीदवारों में नीरज कुमार, घनश्याम राय, अभिषेक झा और आनंद पुष्कर के नाम शामिल बताए गए हैं। जन सुराज भी आठों सीटों पर चुनाव लड़ रहा है। इन उम्मीदवारों और घोषणाओं की अंतिम स्थिति आधिकारिक सूची से मिलान के बाद ही तय मानी जानी चाहिए।
स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में कौन कर सकता है मतदान?
स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में मतदान के लिए संबंधित नियमों के तहत निर्धारित शैक्षणिक योग्यता, सामान्य निवास और विशेष मतदाता सूची में पंजीकरण की शर्तें पूरी करनी होती हैं। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में भी निर्धारित शिक्षण अनुभव और संबंधित मतदाता सूची में पंजीकरण आवश्यक होता है।
इस कारण इन निर्वाचन क्षेत्रों में सामान्य विधानसभा चुनाव की तरह सभी वयस्क मतदाता मतदान नहीं करते। पात्र मतदाताओं की अलग सूची के आधार पर चुनाव कराया जाता है।
शिक्षा, रोजगार और सेवा शर्तें हो सकते हैं मुद्दे
स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में उच्च शिक्षा, रोजगार, प्रतियोगी परीक्षाओं और विश्वविद्यालयों से जुड़े प्रश्न चर्चा में आ सकते हैं। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में नियुक्ति, वेतन, पदोन्नति, पेंशन, स्थानांतरण और शैक्षणिक संस्थानों की स्थिति जैसे विषय महत्वपूर्ण हो सकते हैं।
हालांकि, किसी मुद्दे को उम्मीदवार का आधिकारिक चुनावी रुख तभी माना जाना चाहिए जब वह अपने सार्वजनिक वक्तव्य या चुनावी घोषणा में उसे स्पष्ट रूप से रखे।
चुनावी कार्यक्रम एक नजर में
- अधिसूचना: 29 सितंबर 2026
- नामांकन की अंतिम तारीख: 6 अक्टूबर 2026
- नामांकन पत्रों की जांच: 7 अक्टूबर 2026
- नाम वापसी की अंतिम तारीख: 9 अक्टूबर 2026
- मतदान: 23 अक्टूबर 2026, सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक
- मतगणना: 27 अक्टूबर 2026
- चुनाव प्रक्रिया पूरी होने की तारीख: 31 अक्टूबर 2026
नामांकन के बाद स्पष्ट होगी अंतिम तस्वीर
कांग्रेस ने पांच उम्मीदवारों की घोषणा के साथ आठ में से पांच निर्वाचन क्षेत्रों में अपनी दावेदारी रखी है। इनमें तीन स्नातक सीटों पर RJD के साथ सीधी प्रतिस्पर्धा है, जबकि दो शिक्षक सीटों पर फिलहाल RJD के उम्मीदवार घोषित नहीं हुए हैं।
अंतिम उम्मीदवार सूची, चुनाव प्रचार और मतदान के बाद ही प्रत्येक सीट की स्थिति स्पष्ट होगी। फिलहाल इस चुनाव को बिहार के राजनीतिक दलों की संगठनात्मक सक्रियता और विशेष मतदाता वर्गों के बीच उनकी पहुंच के संदर्भ में देखा जा सकता है।
यह रिपोर्ट 2 अक्टूबर 2026 तक उपलब्ध जानकारी पर आधारित है। उम्मीदवारों, चुनाव कार्यक्रम और अन्य राजनीतिक दावों का आधिकारिक स्रोतों से अंतिम सत्यापन आवश्यक है।