**सुभाष नगर, नई दिल्ली:** स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मन का वास होता है, इसी संदेश को चरितार्थ करते हुए **भारतीय योग संस्थान** के **60वें स्थापना दिवस** के उपलक्ष्य में सुभाष नगर (13 ब्लॉक विंग) द्वारा एक भव्य योग उत्सव का आयोजन किया गया। इस ऐतिहासिक अवसर पर क्षेत्र के निवासियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर योग को अपनी जीवनशैली का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया।
### **मुख्य अतिथि का संबोधन**
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि (अध्यक्ष) के रूप में **राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के श्री राजकुमार जी** उपस्थित रहे। दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए उन्होंने योग की वैश्विक प्रासंगिकता पर प्रकाश डाला। श्री राजकुमार जी ने कहा:
> “भारतीय योग संस्थान पिछले 6 दशक से नि:स्वार्थ भाव से मानवता की सेवा कर रहा है। आज के तनावपूर्ण युग में योग ही एकमात्र ऐसा साधन है जो हमें मानसिक शांति और शारीरिक सुदृढ़ता प्रदान कर सकता है।”
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### **योग क्रियाओं का प्रदर्शन**
संस्थान के वरिष्ठ सदस्य **प्राण नाथ धमीजा जी** और **सोमेश जी** के कुशल मार्गदर्शन में योग सत्र का संचालन किया गया। उन्होंने अपनी टीम के साथ मिलकर विभिन्न आसनों, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास कराया। कार्यक्रम में विशेष रूप से सूक्ष्म व्यायाम और ‘भ्रामरी प्राणायाम’ पर जोर दिया गया, जिससे उपस्थित जनसमूह को तात्कालिक मानसिक शांति का अनुभव हुआ।
### **जन-जागरूकता और संकल्प**
आयोजन के दौरान टीम के सदस्यों ने योग के वैज्ञानिक लाभों के बारे में विस्तार से बताया। सोमेश जी और धमीजा जी ने इस बात पर बल दिया कि योग केवल व्यायाम नहीं, बल्कि जीने की एक कला है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे मोबाइल और डिजिटल दुनिया से बाहर निकलकर प्रकृति और योग से जुड़ें।