लखनऊ में हाल ही में एक बहुत ही खौफनाक हत्या का मामला सामने आया, जिसमें 21 साल के बेटे ने अपने ही पिता की हत्या कर दी। यह घटना लखनऊ के आशियाना इलाके में हुई थी। नीचे पूरी घटना आसान हिंदी में समझिए।
1️⃣ पिता कौन थे
मृतक का नाम मानवेंद्र सिंह (49 साल) था।
वह शराब का कारोबार करते थे और एक पैथोलॉजी लैब भी चलाते थे।
उनका घर लखनऊ के आशियाना क्षेत्र में था।
2️⃣ बेटे ने कैसे हत्या की
आरोपी बेटा अक्षत सिंह (21 साल) B.Com का छात्र था।
20 फरवरी सुबह लगभग 4:30 बजे पिता-पुत्र के बीच जोरदार बहस हुई।
गुस्से में आकर अक्षत ने पिता की लाइसेंसी राइफल से गोली मार दी, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
3️⃣ हत्या के बाद क्या किया
हत्या के बाद बेटे ने सबूत छुपाने के लिए बहुत डरावना कदम उठाया:
उसने पिता के शव को आरी से कई टुकड़ों में काट दिया।
कुछ टुकड़ों को पॉलीथिन में भरकर 20–21 किलोमीटर दूर फेंक दिया।
शरीर का बड़ा हिस्सा नीले प्लास्टिक के ड्रम में छुपा दिया।
वह बाद में उसे भी कहीं दूर ले जाकर खत्म करने की योजना बना रहा था।
4️⃣ बहन ने देखी पूरी घटना
पुलिस के अनुसार अक्षत की छोटी बहन (कक्षा 11 की छात्रा) ने यह घटना देखी थी।
लेकिन आरोपी ने उसे डरा-धमका कर चुप रहने को कहा।
5️⃣ पुलिस को कैसे पता चला
हत्या के बाद अक्षत ने पुलिस को झूठी कहानी सुनाई कि पिता दिल्ली गए हैं।
लेकिन पिता के मोबाइल बंद होने और बयान बदलने से पुलिस को शक हुआ।
पूछताछ में अक्षत टूट गया और उसने हत्या कबूल कर ली।
✅ संक्षेप में:
लखनऊ में बेटे और पिता के बीच पढ़ाई और पैसों को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। गुस्से में बेटे ने पिता को गोली मार दी और सबूत छुपाने के लिए शव के टुकड़े करके ड्रम में छिपा दिया। बाद में पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।