सिंहभूम चेंबर की 75 वीं आमसभा में 35 प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित
उद्योग-व्यापार से लेकर जनहित तक कई मुद्दों पर बनी सहमति, एयरपोर्ट, रेलवे, औद्योगिक पार्क और व्यापारिक सुविधाओं को लेकर संकल्प
जमशेदपुर। सिंहभूम चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री की 75वीं आमसभा मंगलवार को चेंबर भवन में आयोजित हुई। आमसभा में उद्योग, व्यापार और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चारों उपसमितियों की ओर से रखे गए कुल 35 प्रस्ताव एवं संकल्प सर्वसम्मति से पारित किए गए। सदस्यों ने वित्तीय वर्ष 2025-26 की ऑडिट रिपोर्ट को भी मंजूरी दी।
बैठक में चेंबर की पिछले एक वर्ष की गतिविधियों और उपलब्धियों पर आधारित विशेष स्मारिका का विमोचन किया गया। आमसभा के बाद हाल में मरीन ड्राइव पर हुए सड़क हादसे में जान गंवाने वाले सार्थक अग्रवाल, नमन गुप्ता, त्रिशा सिंह और वंशिका खण्डेलवाल की स्मृति में दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि दी गई।
उद्योग-व्यापार के साथ जनहित पर भी फोकस
अध्यक्ष मानव केडिया ने स्वागत संबोधन में कहा कि नई टीम ने जिम्मेदारी संभालने के समय उद्योग और व्यापार के साथ जनहित के विषयों को भी प्राथमिकता देने का संकल्प लिया था। इसी दिशा में एयरपोर्ट, रेलवे सुविधाओं, औद्योगिक विकास, कानून-व्यवस्था, स्वास्थ्य, नागरिक सुविधाओं और सदस्यों के लिए खेलकूद गतिविधियों पर काम किया गया।
उन्होंने कहा कि औद्योगिक क्षेत्रों की समस्याओं के समाधान के लिए चेंबर ने प्रशासन और राज्य सरकार के स्तर पर लगातार पहल की। झारखंड के औद्योगिक और व्यापारिक मुद्दों पर व्यापक चर्चा के लिए पहली बार राज्य के 19 चेंबरों को एक मंच पर लाकर सिम्पोजियम आयोजित किया गया।
व्यापारियों और उद्योगों से जुड़े कई प्रस्ताव
महासचिव पुनित कांवटिया ने वार्षिक प्रतिवेदन पेश करते हुए कहा कि पिछले एक साल में चेंबर ने उद्योग और व्यापार के अलावा आम लोगों से जुड़े विषयों पर भी कई कार्यक्रम किए। जो समस्याएं मौजूदा कार्यकाल में पूरी तरह हल नहीं हो सकीं, उन्हें अगले सत्र में प्राथमिकता के साथ आगे बढ़ाने की बात कही गई।
विभिन्न उपसमितियों के प्रस्तावों में कोल्हान में टेक्सटाइल एवं गारमेंट पार्क, खाद्य प्रसंस्करण उद्योग को बढ़ावा, डिजिटल मार्केटिंग और साइबर सुरक्षा, बाजारों में पार्किंग, सफाई और सुरक्षा व्यवस्था में सुधार, व्यापारिक कल्याण बोर्ड के गठन और व्यापारिक प्रक्रियाओं के सरलीकरण पर जोर दिया गया। स्थानीय एमएसएमई को सरकारी खरीद में प्राथमिकता दिलाने और कृषि उत्पादन बाजार समिति के विकास का प्रस्ताव भी पारित हुआ।
जीएसटी और टैक्स व्यवस्था में राहत की मांग
वित्त एवं कराधान उपसमिति ने जमशेदपुर में जीएसटी अपीलीय पीठ की स्थापना, प्रोफेशनल टैक्स पर ब्याज माफी व एमनेस्टी योजना लागू करने, वार्षिक जीएसटी रिटर्न दाखिल नहीं कर पाने वाले कारोबारियों के लिए राहत योजना और कर कानूनों में बदलाव की पूर्व सूचना देने की मांग रखी। अपील व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया गया।
औद्योगिक पार्क से लेकर कोचिंग डिपो तक प्रस्ताव
उद्योग उपसमिति ने कोल्हान में औद्योगिक पार्क, एमएसएमई सुविधा केंद्र, टाटानगर में कोचिंग डिपो, औद्योगिक क्षेत्रों में बेहतर सड़क और बिजली व्यवस्था तथा बड़े उद्योगों और एमएसएमई के बीच वेंडर डेवलपमेंट को बढ़ावा देने का प्रस्ताव रखा। ईएमसी के पुनरुद्धार, सिंगल विंडो सिस्टम को प्रभावी बनाने और नई औद्योगिक नीतियों व जियाडा रेगुलेशन के बेहतर क्रियान्वयन पर भी चर्चा हुई।
एयरपोर्ट, रेलवे और पर्यटन विकास पर जोर
जनसंपर्क एवं कल्याण उपसमिति ने जमशेदपुर या आसपास एयरपोर्ट की स्थापना, टाटानगर स्टेशन के आधारभूत ढांचे के विस्तार और लंबी दूरी की बसों के लिए नए बस स्टैंड की जरूरत को प्रमुखता से उठाया। चेंबर की नई प्रशासनिक इमारत और 500 सीटों वाले ऑडिटोरियम के निर्माण का प्रस्ताव भी पारित हुआ।
इसके अलावा स्वदेश दर्शन योजना 2.0 के तहत कोल्हान में पर्यटन विकास, जमशेदपुर को स्मार्ट सिटी का दर्जा, सदस्य विस्तार अभियान, बिजनेस लीडरशिप कॉन्क्लेव और अंतरराष्ट्रीय व्यापारी प्रतिनिधियों की संस्था गठित करने जैसे प्रस्तावों पर भी सहमति बनी। टाटा कमांड एरिया की संपत्तियों की रजिस्ट्री और टाटा लीज क्षेत्र की संपत्तियों के लिए बैंक वित्त पोषण उपलब्ध कराने की दिशा में पहल का संकल्प लिया गया।
ऑडिट रिपोर्ट को मिली मंजूरी
कोषाध्यक्ष सीए अनिल रिंगसिया ने वित्तीय वर्ष 2025-26 की ऑडिट रिपोर्ट प्रस्तुत की, जिसे सदस्यों ने सर्वसम्मति से पारित कर दिया। आमसभा में 75वीं वार्षिक आमसभा के अवसर पर प्रकाशित विशेष स्मारिका का भी विमोचन किया गया। इसमें चेंबर के पिछले एक वर्ष के उद्योग, व्यापार, सामाजिक सरोकार, जनहित और सदस्य कल्याण से जुड़े कार्यों का विवरण शामिल है।
पूर्व अध्यक्ष मुरलीधर केडिया, उमेश कांवटिया और विजय आनंद मुनका ने भी अपने विचार रखे। उन्होंने नई टीम के कार्यों की सराहना करते हुए चेंबर की परंपरा को आगे बढ़ाने और उद्योग-व्यापार के हितों के लिए सदस्यों की एकजुटता बनाए रखने का आह्वान किया।