बसपा ने रामचंद्र रत्ना पर तीसरी बार जताया भरोसाः सोनभद्र का जिलाध्यक्ष बनाया, 2027 विधानसभा चुनाव की सौंपी जिम्मेदारी
बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने सोनभद्र मे ं संगठनात्मक विस्तार करते हुए रामचंद्र रत्ना को तीसरी बार जिलाध्यक्ष नियुक्त किया है। उन्हें आगामी पंचायत चुनाव और 2027 के विधानसभा चुनाव मे ं पार्टी को मजबूत करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है, ताकि जिले की चारों विधानसभा सीटो ं पर बसपा जीत दर्ज कर सके।
रामचंद्र रत्ना इसस े पहले वर्ष 2025 में 105 दिनो ं के लिए और वर्ष 2001 में 13 महीन े तक जिलाध्यक्ष रह चुके हैं। पार्टी नेतृत्व ने एक बार फिर उन पर भरोसा जताते हुए संगठन की कमान सौंपी है।
2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच बसपा ने पिछले डेढ़ वर्ष मे ं संगठन में लगातार बदलाव किए हैं। 19 फरवरी 2025 को रामचंद्र रत्ना को जिलाध्यक्ष बनाया गया था, लेकिन105 दिन बाद 7 जून को रमेश कुशवाहा को यह जिम्मेदारी दी गई। इसके बाद 14 जुलाई 2025 को बी. सागर और 24 दिसंबर 2025 को अनीश भारती को जिलाध्यक्ष बनाया गया। अब छह महीन े बाद फिर से रामचंद्र रत्ना को संगठन की कमान सौंप दी गई है।
विधानसभा प्रभार भी किए गए तय
संगठन को मजबूत करने के लिए पार्टी ने कई वरिष्ठ नेताओं को अलग-अलग जिम्मेदारिया ं दी हैं। प्रेमनाथ गौतम, सियाराम सिंह पटेल, पूर्व जिलाध्यक्ष रमेश कुशवाहा और रामविचार गौतम को संगठनात्मक कार्यों की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
इसके अलावा डॉ. ओमप्रकाश मौर्या और प्रेमनाथ गौतम को घोरावल विधानसभा, पूर्व जिलाध्यक्ष कमलेश गोंड और रामलखन देहाती को रॉबर्ट्सगंज, जितेंद्र कुमार और शिव कुमार गोंड को ओबरा तथा नंद ू प्रसाद गौतम और संजय गोंड को दुद्धी विधानसभा का प्रभारी बनाया गया है।ोले- मायावती को पांचवी ं बार मुख्यमंत्री बनाना लक्ष्य
नवनियुक्त जिलाध्यक्ष रामचंद्र रत्ना ने कहा कि वह हमेशा पार्टी की नीतियो ं के प्रति समर्पित रहे हैं। उनका लक्ष्य बहुजन समाज पार्टी को मजबूत करना और बहन मायावती को पांचवी ं बार उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाना है। उन्होंन े कहा कि पार्टी नेतृत्व ने जो जिम्मेदारी सौंपी है, उसका पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निर्वहन करेंगे।