*बलीपुर नारा में गिरा कच्चा मकान, मलबे में दबकर युवती गंभीर रूप से घायल, एसडीएम सिराथू ने किया घटनास्थल का निरीक्षण
*बलीपुर नारा में गिरा कच्चा मकान, मलबे में दबकर युवती गंभीर रूप से घायल, एसडीएम सिराथू ने किया घटनास्थल का निरीक्षण*
(*आनन्द कुमार द्विवेदी, ब्यूरो कौशाम्बी*)
नारा,(कौशांबी)
कौशाम्बी। जनपद के सिराथू तहसील अंतर्गत ग्राम सभा नारा के मजरा बलीपुर में मंगलवार को एक बड़ा हादसा सामने आया है। यहाँ भारी जर्जरता के कारण भैरों प्रसाद (पुत्र राम औतार) का कच्चा मकान अचानक भरभराकर जमींदोज हो गया। इस अचानक हुए हादसे के वक्त घर में मौजूद भैरों प्रसाद की 18 वर्षीय पुत्री अंसी देवी मलबे के नीचे दब गईं।मकान गिरने की तेज आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण तुरंत मौके पर दौड़े और कड़ी मशक्कत के बाद मलबे को हटाकर घायल युवती को बाहर निकाला। युवती को गंभीर चोटें आने के कारण तत्काल प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल भेज दिया गया है, जहाँ डॉक्टरों की देखरेख में उसका उपचार जारी है।एसडीएम सिराथू ने किया निरीक्षण, प्रशासनिक अमला अलर्टघटना की संवेदनशीलता को देखते हुए सिराथू के उप जिलाधिकारी (एसडीएम) प्रवेश कुमार श्रीवास्तव ने तत्काल प्रशासनिक टीम के साथ मौके पर पहुँचकर घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाया और राहत कार्य तेज करने के निर्देश दिए। मामले की जानकारी तत्काल ग्राम प्रधान, क्षेत्रीय लेखपाल और राजस्व निरीक्षक (RI) को दे दी गई है। स्थानीय प्रशासन और ग्राम प्रधान को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि वे पीड़ित परिवार की हरसंभव मदद करें।जर्जर मकानों को चिन्हित कर पंचायत भवन में शिफ्ट करने के निर्देशगाँव में सुरक्षा के लिहाज से प्रशासन द्वारा एक बड़ा फैसला लिया गया है। उप जिलाधिकारी ने राजस्व टीम को कड़े निर्देश दिए हैं कि गाँव में जितने भी अन्य जर्जर या खतरनाक कच्चे मकान हैं, उन्हें तुरंत चिन्हित किया जाए। इन मकानों में रह रहे परिवारों को सुरक्षा के दृष्टिकोण से तत्काल पंचायत भवन में सुरक्षित शिफ्ट (विस्थापित) करवाना सुनिश्चित किया जाए ताकि भविष्य में ऐसी किसी भी अनहोनी या हादसे को रोका जा सके।पीड़ित परिवार को तत्काल राशन व मुआवजे के निर्देशहादसे में भैरों प्रसाद का घर पूरी तरह नष्ट हो जाने के कारण परिवार के सामने रहने और खाने-पीने का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। इसे देखते हुए एसडीएम के निर्देश पर स्थानीय कोटेदार को तत्काल अवगत कराया गया है और कड़े निर्देश दिए गए हैं कि पीड़ित परिवार को बिना किसी देरी के प्राथमिकता के आधार पर राशन उपलब्ध कराया जाए। फिलहाल राजस्व विभाग की टीम मौके पर रहकर नुकसान का सटीक आकलन करने में जुटी है, ताकि पीड़ित परिवार को नियमानुसार जल्द से जल्द सरकारी मुआवजा दिलाया जा सके।