चक्रवात अर्णव का असर तेज, जमशेदपुर में हाई अलर्ट
तेज हवाओं के साथ बदला मौसम, काले बादलों ने शाम में ही बढ़ाया रात जैसा अंधेरा
जमशेदपुर: चक्रवाती तूफान अर्णव के प्रभाव से झारखंड के कई हिस्सों के साथ जमशेदपुर में भी मौसम में बदलाव देखने को मिला। मंगलवार शाम मौसम ने अचानक करवट ली। करीब चार बजे से तेज हवाएं चलने लगीं और देखते ही देखते आसमान घने काले बादलों से ढक गया। बादलों की गरज के साथ बारिश शुरू हुई और शाम करीब पांच बजे शहर के कई इलाकों में अंधेरा छा गया।
प्रशासन अलर्ट, सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा
चक्रवात के संभावित प्रभाव को देखते हुए जमशेदपुर में प्रशासनिक तैयारियों की समीक्षा की गई। अधिकारियों को सुरक्षा व्यवस्था पर नजर रखने और संभावित आपात स्थितियों से निपटने के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए। जलभराव की आशंका वाले इलाकों, जरूरी सेवाओं और आपूर्ति व्यवस्था पर विशेष ध्यान देने की जरूरत बताई गई।
स्वर्णरेखा और खरकाई नदियों के तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। जलस्तर बढ़ने या किसी अन्य आपात स्थिति में राहत और बचाव कार्य शुरू करने के लिए संबंधित विभागों को तैयार रहने की आवश्यकता है।
24 घंटे सक्रिय रहेगा कंट्रोल रूम
प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं, लेकिन मौसम को देखते हुए सावधानी बरतें। आपात स्थिति में सहायता के लिए जिला प्रशासन के आधिकारिक कंट्रोल रूम से संपर्क करने की सलाह दी गई है। लोगों को तेज आंधी और बारिश के दौरान अनावश्यक रूप से घरों से बाहर निकलने से बचना चाहिए तथा प्रशासन की आधिकारिक एडवाइजरी का पालन करना चाहिए।
पेड़ गिरने और रास्ते बंद होने की स्थिति से निपटने की तैयारी
तेज हवाओं के कारण पेड़ गिरने या सड़कें अवरुद्ध होने की आशंका को देखते हुए त्वरित प्रतिक्रिया दल (QRT), अग्निशमन विभाग और नगर निकायों को तैयार रहने की जरूरत है। रास्ते बाधित होने की स्थिति में मलबा हटाने और यातायात बहाल करने के लिए आवश्यक उपकरणों तथा संसाधनों की उपलब्धता महत्वपूर्ण होगी।
अस्पतालों और अन्य आवश्यक सेवाओं में बिजली आपूर्ति बनाए रखने तथा जरूरत पड़ने पर प्रभावित लोगों के लिए आश्रय की व्यवस्था सुनिश्चित करने पर भी ध्यान दिया जाना चाहिए।
अस्पतालों में आपात स्थिति से निपटने की तैयारी
चक्रवात के संभावित प्रभाव को देखते हुए जिले के अस्पतालों में आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं की तैयारी महत्वपूर्ण है। मूल रिपोर्ट के अनुसार, एमजीएम अस्पताल में अतिरिक्त डॉक्टरों, नर्सों और पैरामेडिकल कर्मचारियों की ड्यूटी निर्धारित करने तथा अतिरिक्त बेड उपलब्ध रखने की व्यवस्था की गई है। इन व्यवस्थाओं और संबंधित अधिकारियों के बयानों की पुष्टि अस्पताल प्रशासन से की जानी चाहिए।
28 और 29 अक्टूबर को स्कूलों में छुट्टी
खराब मौसम की आशंका को देखते हुए पूर्वी सिंहभूम जिले में 28 और 29 अक्टूबर को कक्षा 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए स्कूलों में पढ़ाई स्थगित रखने की सूचना दी गई है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, यह निर्णय विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर लिया गया। अभिभावकों और विद्यार्थियों को स्कूलों तथा जिला प्रशासन की ओर से जारी आधिकारिक निर्देशों का पालन करना चाहिए।
जरूरी हेल्पलाइन
आपातकालीन सेवा: 112
अग्निशमन सेवा: 101
जिला कंट्रोल रूम का संपर्क नंबर प्रशासन की आधिकारिक सूचना से प्राप्त किया जाना चाहिए।
प्रशासन की अपील: मौसम खराब होने पर सुरक्षित स्थान पर रहें, नदियों और निचले इलाकों से दूरी बनाए रखें तथा अफवाहों पर भरोसा करने के बजाय प्रशासन और मौसम विभाग की आधिकारिक सूचनाओं का पालन करें।
