स्वाइन फ्लू को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, डेंगू के मरीजों की संख्या पांच हुई
जमशेदपुर, 26 अगस्त। देश की राजधानी दिल्ली के बाद राज्य की राजधानी रांची में स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों को देखते हुए पूर्वी सिंहभूम स्वास्थ्य विभाग ने भी सतर्कता बढ़ा दी है। जिले के सरकारी एवं निजी अस्पतालों को स्वाइन फ्लू के संदिग्ध मरीजों के लिए आइसोलेशन वार्ड तैयार रखने तथा लक्षण मिलने पर तत्काल जिला सर्विलांस विभाग को सूचना देने का निर्देश दिया गया है।
बरसात के मौसम में मलेरिया, डेंगू, वायरल संक्रमण समेत कई तरह की बीमारियों के फैलने की आशंका को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी और जांच अभियान तेज कर दिया है। सिविल सर्जन डॉ. साहिर पाल ने लोगों से लगातार तेज बुखार, सीने में दर्द, बदन दर्द अथवा तबीयत अधिक बिगड़ने पर तत्काल जांच कराने की अपील की है। उन्होंने कहा कि लोग खुद से दवा लेने के बजाय डॉक्टर की सलाह लें। साथ ही घर एवं आसपास पानी जमा नहीं होने दें और मच्छरों से बचाव के उपाय अपनाएं।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार सोमवार को जिले के विभिन्न प्रखंडों में कुल 3730 लोगों की जांच की गई। इनमें 14 ब्रेन मलेरिया और 11 सामान्य मलेरिया के मरीज मिले। बरसात में मलेरिया और डेंगू के बढ़ते खतरे को देखते हुए जांच एवं निगरानी अभियान लगातार जारी रखने का निर्णय लिया गया है।
विभाग की ओर से स्वाइन फ्लू, डेंगू और मलेरिया के साथ जापानी एन्सेफलाइटिस (जेई) के संदिग्ध मामलों पर भी नजर रखी जा रही है। संदिग्ध मरीजों की जल्द पहचान, सैंपल की जांच और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल इलाज शुरू करना विभाग की प्राथमिकता है।
सोमवार को शहर के अलग-अलग अस्पतालों से स्वाइन फ्लू का एक, डेंगू के तीन और जेई का एक संदिग्ध मरीज सामने आया। सभी के सैंपल एमजीएम मेडिकल कॉलेज की लैब में जांच के लिए भेजे गए हैं। इनकी रिपोर्ट बुधवार को आने की उम्मीद है।
वहीं, पटमदा के एक मरीज की डेंगू जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। मरीज का इलाज मानगो स्थित गुरूनानक अस्पताल में चल रहा है। इसके साथ ही जिले में इस वर्ष अब तक डेंगू के पुष्ट मरीजों की संख्या बढ़कर पांच हो गई है। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से सावधानी बरतने और बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या अस्पताल में जांच कराने की अपील की है।