खरकाई नदी खतरे के निशान से 1.32 मीटर ऊपर, जमशेदपुर में बाढ़ का खतरा बढ़ा
जमशेदपुर 30 अगस्त। ओडिशा और सिंहभूम क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश के बाद जमशेदपुर में बाढ़ का खतरा गंभीर हो गया है। जिला प्रशासन की ताजा आधिकारिक जानकारी के अनुसार खरकाई नदी खतरे के निशान से 1.32 मीटर ऊपर बह रही है। वहीं स्वर्णरेखा नदी फिलहाल खतरे के निशान से नीचे है। खरकाई के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए नदी किनारे और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए खतरा बढ़ गया है।
शनिवार को हुई बारिश के साथ ही जमशेदपुर में इस मानसून सीजन का सामान्य वर्षापात पूरा हो गया। पिछले 24 घंटे में शहर में 31.7 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई।1 जून से 29 अगस्त तक जिले में सामान्य वर्षापात 844.2 मिलीमीटर है, जबकि शनिवार की बारिश के बाद सीजन का कुल वर्षापात सामान्य आंकड़े तक पहुंच गया।
लगातार बारिश के कारण शहर के कई इलाकों में जलजमाव की स्थिति बन गई। सड़कों पर पानी भरने से लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं खरकाई नदी का जलस्तर बढ़ने से बागबेड़ा, जुगसलाई और शास्त्रीनगर समेत नदी के तटीय इलाकों में बाढ़ की आशंका बढ़ गई है।
जिला प्रशासन ने नदी किनारे और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से विशेष सतर्कता बरतने और जरूरत पड़ने पर तत्काल सुरक्षित एवं ऊंचे स्थानों पर जाने की अपील की है। नगर निकायों के माध्यम से विशेष आश्रय स्थलों और शेल्टर होम को भी चिह्नित किया गया है।
जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए चांडिल डैम, गालूडीह बराज और गांजिया बराज के गेटों से लगातार पानी छोड़ा जा रहा है। इसके मद्देनजर निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। प्रशासन और बाढ़ नियंत्रण कक्ष की ओर से नदियों एवं जलाशयों की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करें। नदी और जलाशयों के आसपास जाने से बचें तथा किसी भी आपात स्थिति में सुरक्षित स्थान पर चले जाएं।