संवाद की चौखट पर कानून और कारोबार: शेरघाटी में सुरक्षा और विश्वास की नई पहल,
शेरघाटी में पुलिस-व्यापारी संवाद, सुरक्षा और व्यापारिक मुद्दों पर चर्चा
विजय कुमार, वरिष्ठ पत्रकार
शेरघाटी: शेरघाटी में ‘शेरघाटी चैंबर ऑफ कॉमर्स’ की ओर से पुलिस और व्यापारियों के बीच संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में क्षेत्र की कानून-व्यवस्था, बाजार की सुरक्षा और व्यापारियों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई।
किसी भी क्षेत्र में व्यापारिक गतिविधियों के लिए सुरक्षित और व्यवस्थित माहौल महत्वपूर्ण माना जाता है। इसी संदर्भ में पुलिस और व्यापारी वर्ग के बीच नियमित संवाद से स्थानीय समस्याओं और सुरक्षा संबंधी चिंताओं को प्रशासन के समक्ष रखने में मदद मिल सकती है।
कार्यक्रम में मगध क्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) विकास वैभव, गया एसएसपी सुशील कुमार, ग्रामीण एसपी दिव्यांजलि और स्थानीय प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी रही। अधिकारियों ने व्यापारियों से स्थानीय स्तर पर कानून-व्यवस्था और बाजार से जुड़े विषयों पर जानकारी ली।
पुलिस और व्यापारियों के बीच संवाद पर जोर
संवाद के दौरान व्यापारियों की ओर से सुरक्षा, यातायात व्यवस्था और बाजार से जुड़े विभिन्न मुद्दे सामने रखे गए। ऐसे संवाद के माध्यम से व्यापारियों को अपनी समस्याएं सीधे संबंधित अधिकारियों के समक्ष रखने का अवसर मिलता है।
चैंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष चंद्र भानु गुप्त ने प्रशासन और व्यापारियों के बीच बेहतर समन्वय की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आपसी तालमेल से व्यापारिक गतिविधियों के लिए बेहतर माहौल बनाने में मदद मिल सकती है।
उद्यमिता और सुरक्षित कारोबारी माहौल
बिहार में रोजगार और स्थानीय आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए उद्यमिता पर भी जोर दिया जा रहा है। आईपीएस विकास वैभव की पहल ‘लेट्स इंस्पायर बिहार’ के तहत शिक्षा, समता और उद्यमिता से जुड़े विषयों पर काम किए जाने की बात कही गई है।
व्यापारियों का कहना है कि बाजारों में सुरक्षा और बेहतर कानून-व्यवस्था कारोबारी गतिविधियों के लिए महत्वपूर्ण है। पुलिस और व्यापारियों के बीच समन्वय से स्थानीय स्तर पर सुरक्षा संबंधी समस्याओं की पहचान और समाधान की प्रक्रिया को बेहतर किया जा सकता है।
नियमित समन्वय की जरूरत
कार्यक्रम के संदर्भ में पुलिस और व्यापारियों के बीच संवाद को नियमित बनाए रखने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया। बाजारों में सीसीटीवी निगरानी, पुलिस गश्त और आपातकालीन सहायता जैसी व्यवस्थाओं को स्थानीय जरूरतों के अनुसार मजबूत करने पर विचार किया जा सकता है।
शेरघाटी में आयोजित यह संवाद स्थानीय प्रशासन और व्यापारी वर्ग के बीच समन्वय का एक माध्यम रहा। ऐसे संवाद नियमित रूप से आयोजित किए जाने से कानून-व्यवस्था और व्यापार से जुड़े स्थानीय मुद्दों पर दोनों पक्षों के बीच बेहतर तालमेल बनाने में मदद मिल सकती है।