रेप के दोषी को 20 साल की सजा: किशोरी को अहमदाबाद ले जाकर दुष्कर्म करने के मामले में कोर्ट का फैसला
बेडकरनगर: जहांगीरगंज क्षेत्र की एक किशोरी से दुष्कर्म के मामले में विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट मोहन कुमार की अदालत ने दोषी वीरेंद्र उपाध्याय को 20 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने दोषी पर 32 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
अभियोजन पक्ष के अनुसार, आजमगढ़ निवासी वीरेंद्र उपाध्याय पीड़िता का रिश्तेदार था। आरोप है कि वह किशोरी को पढ़ाई के बहाने अपने साथ अहमदाबाद ले गया, जहां उसके साथ दुष्कर्म किया गया।
मामले के अनुसार, पीड़िता किसी तरह अहमदाबाद से वापस अपने गांव पहुंची और 10 अक्टूबर 2020 को परिजनों को घटना की जानकारी दी। इसके बाद 12 अक्टूबर 2020 को आरोपी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई।
पुलिस ने जांच पूरी करने के बाद आरोपी के विरुद्ध संबंधित धाराओं में आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने आरोपी को झूठा फंसाए जाने की दलील दी। हालांकि, गवाहों के बयान, दस्तावेजी साक्ष्यों और उपलब्ध प्रमाणों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी करार दिया।
शुक्रवार को सजा के बिंदु पर सुनवाई के बाद अदालत ने दोषी को 20 वर्ष के सश्रम कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई।