UP की जेलों में क्षमता से अधिक बंदी, एक साल में 479 मौतें और 19 आत्महत्याएं: RTI में खुलासा
मेरठ। सूचना के अधिकार (RTI) के तहत प्राप्त जानकारी में उत्तर प्रदेश की जेलों में क्षमता से अधिक बंदियों के होने का मामला सामने आया है। साथ ही, वर्ष 2025 के दौरान प्रदेश की जेलों में 479 बंदियों की मौत और 19 बंदियों द्वारा आत्महत्या किए जाने की जानकारी दी गई है।
यह जानकारी छात्र नेता विनित चपराना द्वारा दाखिल आरटीआई के जवाब में कारागार मुख्यालय, लखनऊ की ओर से उपलब्ध कराई गई। 13 अप्रैल 2026 को जारी जवाब में जेलों की स्थिति से जुड़े विभिन्न आंकड़े साझा किए गए।
आरटीआई के अनुसार, प्रदेश की कई जेलों में बड़ी संख्या में विचाराधीन बंदी निरुद्ध हैं, जिनमें से कई लंबे समय से जेलों में हैं। जनवरी 2025 से 31 दिसंबर 2025 के बीच कुल 479 बंदियों की मृत्यु दर्ज की गई, जबकि 19 बंदियों द्वारा आत्महत्या किए जाने की सूचना भी दर्ज है।
प्राप्त जानकारी में यह भी सामने आया कि प्रदेश की कई जेलों में निर्धारित क्षमता से अधिक बंदी मौजूद हैं। मेरठ की चौधरी चरण सिंह जिला जेल में भी क्षमता से अधिक बंदी होने की बात सामने आई है।
हालांकि, आरटीआई में मौतों या आत्महत्या के कारणों को लेकर विस्तृत जानकारी का उल्लेख नहीं किया गया है।